Services

Technology Consultancy

NRDC  has accumulated experience in matching its portfolio of source points of technology to their potential markets in about 4600 cases, both in India and abroad.

Countries from South often  find Indian technologies compatible to their needs. Their simplicity, smaller plant sizes, lower investment levels, ability to utilize local resources and employment generation capacity, make them "appropriate technology".

As a result of NRDC's assistance to its licensees in identifying potential clients, providing marketing support and obtaining product certificates from authorities in different countries, where these are required, the NRDC  licensees have been able to export their products to both the developing and developed countries.

NRDC  banks not only on the technologies available from its own reservoir but also draws on operating technologies from both private and public sector industry in India and in the  countries of interest.

NRDC  has set up plants based on Indian technologies for manufacture of chlorine tablets, water filter candles, menthol from mint  oil in Indonesia, synthetic and natural dyes plant in Vietnam, rice  husk particle   board plant in Malaysia, 18 projects in Myanmar and Rural Technology Centres in Senegal.

NRDC has also provided consultancy services for setting up four Science and Technology Entrepreneurship Parks in Egypt and an industrial Park in Gabon, besides providing other products and services in Bangladesh, Philippines, Madagascar, Thailand, Nigeria, Ethiopia  and  other countries.

NRDC has a wide network of international contacts. It is registered with the World Bank, Asian Development Bank, Africa Development Bank and has built close working linkages with UNIDO,  Vienna, TNO, Holland, KIST,  South Korea, ANVAR,  France, Social Fund for Development, (SFD),   Egypt, etc.

टेक्नो बाजार सर्वेक्षण(सर्वेक्षण)

ये सर्वेक्षण बाजार के आकार का आकलन करने, बाजार की जरूरत के अंतिम उत्पाद के विनिर्देशनों को निश्चित करने और उत्पाद का ऐसा विक्रय मूल्य तय करने में सहायता करते हैं जो बाजार के लिए उपयुक्त हो। सर्वेक्षण से साख वाले और सक्षम लाइसेंसी की भी पहचान होती है, मूल्यांकन और चुनाव किया जा सकता है और वाजिब लाइसेंसिंग शुल्क निर्धारित करने के लिए आंकड़ा मुहैया कराया जा सकता है।

बाजार के पेशेवर सर्वेक्षण से एनआरडीसी को व्यवहार्यता / प्रोजेक्ट रिपोर्ट बनाने में सहायता मिलती है। एनआरडीसी प्रौद्योगिकी अंतरण क्रियाकलाप के भाग के रूप में ऐसी रिपोर्ट बनाता है।

बौद्धिक संपदा परामर्श

द्धिक संपदा  नीति और प्रक्रिया निश्चत करना 

शिक्षा क्षेत्र/अनुसंधान और विकास संस्थान तथा उद्योग ज्ञान तैयार करने और वैज्ञानिक क्रियाकलाप में अग्रणी हैं। नवीनता को केंद्रीय विषय वस्तु रखते हुए एनआरडीसी संबंधित संस्थाओं को उनकी नवीनताओं, प्रौद्योगिकी  अंतरण और बौद्धिक संपदा  नीति का मसौदा तैयार करने या प्रतिपादित करने में सुविज्ञ सेवाएं मुहैया कराएगा।

बौद्धिक संपदा परामर्शी सेवाएं

एनआरडीसी इच्छुक अनुसंधान और विकास संगठन / शिक्षा संस्थान और उद्योग को बौद्धिक संपदा  बनाने से लेकर उसकी रक्षा और व्यापारीकरण तक बौद्धिक संपदा अधिकारसे संबंधित सभी मामलों में आवश्यक परामर्शी  सेवाएं मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्ध है।

प्रौद्योगिकी से संबंधित जानकारी (प्रौद्योगिकी लैंडस्केपिंग)

एनआरडीसी स्टेकधारकों को प्रौद्योगिकी से संबंधित आवश्यक जानकारी जुटाने और आवश्यक विश्लेषण करने में सहायता करता है और इसमें एक खास तकनालाजी के संबंध में बाजार को समझने में सहायता करना भी शामिल है। इस अध्ययन से स्टेकधारकों को उत्पाद प्रक्रिया के अनुसंधान और विकास से संबंधित महत्त्वपूर्ण निर्णय लेने और रणनीति बनाने में सहायता मिलेगी तथा प्रौद्योगिकी के कतिपय क्षेत्रों में निवेश किया जाएगा और पेटेंट झुकावों की पहचान की जाएगी।

बौद्धिक संपदा सहजीकरण केंद्र (इंटेलेक्चुअल प्रोपर्टी फैसिलिटेशन सेंटर)

बौद्धिक संपदा सहजीकरण केंद्र – आईपीएफसी, एनआरडीसी और एमओएमएसएमई की संयुक्त परियोजना है जिसका उद्देश्य भारत में उद्यमियों और एमएसएमई के बीच बौद्धिक संपदा अधिकारों के प्रति जागरूकता और इन्हें अपनाना बढ़ाना और साथ ही उच्च गुणवत्ता वाली बौद्धिक संपदा सेवाएं तथा संसाधनों को पहुंच योग्य बनाना है।  

 प्रशिक्षण कार्यक्रम

आईपीएफसी बौद्धिक संपदा से संबद्ध विशेष विषयों पर प्रशिक्षण कार्यक्रमों का आयोजन करता है। आईपीएफसी इन कार्यक्रमों का डिजाइन और संयोजन दर्शकों की आवश्यकता के अनुसार करता है। भाग लेने वालों को एनआरडीसी से भागीदारी का प्रमाणपत्र मिलता है। एमएसएमई के लिए आईपीएफसी निशुल्क बौद्धिक संपदा जागरूकता वार्ता की भी व्यवस्था करता है ताकि बौद्धिक संपदा के बारे में संक्षिप्त जानकारी प्राप्त हो सके और इस मामले में संवेदनशीलता लाकर बौद्धिक संपदा की रक्षा के बारे में जागरूकता का प्रसार किया जाए।

प्रत्येक बौद्धिक संपदा के संदर्भ में सेवाएं इस प्रकार होंगी :

 पेटेंट

  • आवेदन पूर्व सेवाएं
  • पूर्व आर्ट सर्च
  • पेटेंट योग्यता का प्रारंभिक मूल्यांकन
  • अंतरिम विनिर्देशन के साथ पेटेंट दाखिल करने अथवा / और अन्य देशों में संपूर्ण विनिर्देशन परामर्श सहित पेटेंट दर्ज करनें पर पेटेंट दर्ज करने संबंधी सहायता
  • पेटेंट कार्यालय के लिए जांच रिपोर्ट और प्रश्नों के संबंध में परामर्श
  • पोस्ट ग्रांट सपोर्ट
  • अतिलंघन कार्यवाही, विरोध कार्यवाही आदि के लिए सहायता 
  • प्रौद्योगिकी हस्तांतरण करार
  • पेटेंट मूल्यांकन
  • प्रौद्योगिकी का विपणन और अनुज्ञप्तिकरण

 कॉपीराइट

  • पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज तैयार करने में दिशानिर्देशन और सहायता

ट्रेडमार्क

      • पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज तैयार करने में दिशानिर्देशन और सहायता

औद्योगिक डिजाइन

      • पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज तैयार करने में दिशानिर्देशन और सहायता

भौगोलिक संकेत

      • पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज तैयार करने में दिशानिर्देशन और सहायता

सामान्य परामर्श

      •    रचनात्मकता के लिए संभावित बौद्धिक संपदा सुरक्षा की पहचान में सहायता और मार्गदर्शन